पढिये कौन है ग्लैमरस सांसद नुसरत जहां के पति, क्या करते हैं?
निखिल और नुसरत ने तुर्की जाकर जरुर शादी की, लेकिन दोनों की शादी सनातन धर्म की रीतियों के मुताबिक हुई, इससे जुड़ी तस्वीरें और वीडियोज सोशल मीडिया पर भी साझा किये गये।
बांग्ला फिल्मों की एक्ट्रेस और तृणमूल सांसद नुसरत जहां इन दिनों इंटरनेट सनसनी बन गई है, हाल ही में नुसरत ने बिजनेसमैन निखिल जैन से शादी की, उनकी शादी की चर्चा चारों ओर हुई, क्योंकि शादी की तस्वीरों में और लोकसभा नुसरत सिंदूर लगाकर पहुंची, उन्होने गले में मंगलसूत्र भी पहन रखा था, इसके बाद कट्टरपंथियों ने उनके खिलाफ फतवा जारी कर दिया, लेकिन क्या आपको पता है कि नुसरत ने जिसे अपना हमसफर बनाया है, वो कौन है, क्या बिजनेस करते हैं, उनका पारिवारिक बैकग्राउंड क्या है।कारोबारी परिवार से ताल्लुक
नुसरत जहां से तुर्की के बोद्रुम शहर में शादी रचाने वाले निखिल जैन असल में कोलकाता के एक बड़े कारोबारी परिवार से ताल्लुक रखते हैं,
वो अपने पिता का कारोबार संभालते हैं, जबकि उनकी मां हाउसवाइफ हैं, निखिल की दो बहनें कीर्ति और स्वाति हैं।
क्या है फैमिली बिजनेस
निखिल अपने परिवार का जमा-जमाया टैक्सटाइल कारोबार संभाल रहे हैं, उनके पिता मोहन कुमार जैन एक टैक्सटाइल कंपनी के मालिक हैं, जिनके ब्रांड का नाम नेम रंगोली है,
जैन परिवार का ये कारोबार कोलकाता समेत कुल 5 शहरों में फैला हुआ है, कोलकाता के अलावा, हैदराबाद, चेन्नई, बंगलुरु और विजयवाड़ा में इनके स्टोर्स हैं, कोलकाता में सबसे ज्यादा पांच स्टोर्स हैं, कोलकाता में जैन परिवार प्रतिष्ठित कारोबारी परिवार माना जाता है।
ऐसे बना नुसरत से रिश्ता
नुसरत और निखिल की पहली मुलाकात खास रही, साल 2018 में दोनों दुर्गापूजा के उत्सव के दौरान पहली बार मिले थे, यहीं से दोनों के बीच नजदीकियां बढने लगी,
इस बढते रिश्ते का नतीजा ये हुआ, कि निखिल ने अपने ब्रांड रंगोली का नुसरत को ब्रांड एंबेसडर बनाया, कुछ महीने डेट करने के बाद दोनों ने शादी का फैसला लिया, लेकिन फिर बीच में लोकसभा चुनाव आ गया, जिसके बाद दोनों ने चुनाव के बाद शादी का फैसला लिया।
सनातन धर्म की रीतियों से शादी
निखिल और नुसरत ने तुर्की जाकर जरुर शादी की, लेकिन दोनों की शादी सनातन धर्म की रीतियों के मुताबिक हुई, इससे जुड़ी तस्वीरें और वीडियोज सोशल मीडिया पर भी साझा किये गये,
शादी के बाद जब वो पहली बार लोकसभा पहुंची, तो कहाथों में चूड़ियां, माथे पर सिंदूर और गले में मंगलसूत्र था। इसे लेकर कई धार्मिक संगठनों ने आपत्ति भी जाहिर की, लेकिन नुसरत धर्म को लेकर अपने समावेशी विचार पर डटी हुई हैं।



