बिहार की सियासत में भूचाल, बीजेपी के साथ कॉमन मिनिमम प्रोग्राम पर नीतीश के करीबी नेता का बड़ा बयान

मुख्य मंत्री नीतीश कुमार के खासमखास कहे जाने वाले आरसीपी सिंह ने जदयू के नरम रुख को नये सिरे से जायज ठहराने की कोशिश की है।

मोदी सरकार ने जब से अनुच्छेद 370 को निष्प्रभावी करने का कदम उठाया है, तब से ही बिहार की राजनीति में भी परिवर्तन देखने को मिल रहा है, जदयू ने बुधवार को पहले तो इस मुद्दे को खत्म करार दिया, फिर सबको नया कानून मानने की नसीहत दी, गुरुवार को पार्टी ने अपने रुख में थोड़ा लचीलापन लाया और बिहार में किसी भी तरह के कॉमन मिनिमम प्रोग्राम की बात को खारिज किया। जदयू महासचिव आरसीपी सिंह ने कहा कि प्रदेश में किसी कॉमन मिनिमम प्रोग्राम के तहत नहीं बल्कि विकास के मुद्दे पर सरकार चल रही है।

जदयू का नरम रुख 
मुख्य मंत्री नीतीश कुमार के खासमखास कहे जाने वाले आरसीपी सिंह ने जदयू के नरम रुख को नये सिरे से जायज ठहराने की कोशिश की है,
उन्होने ऑर्टिकल 370 पर बोलते हुए कहा कि जब केन्द्र में एनडीए की पहली सरकार बनी थी, तब वो बहुमत में नहीं थी, इसलिये एक कॉमन मिनिमम प्रोग्राम बनाया गया था, लेकिन अब ऐसी स्थिति नहीं है।

बिहार में कॉमन मिनिमम प्रोग्राम नहीं
आरसीपी सिंह ने कहा कि अब केन्द्र में ऐसी सरकार है, जिसमें बीजेपी का अकेले बहुमत है, इसलिये वहां कॉमन मिनिमम प्रोग्राम की जरुरत ही नहीं है,
इस के बाद उन्होने बिहार में किसी भी तरह के कॉमन मिनिमम प्रोग्राम से इंकार करते हुए कहा कि बिहार में कोई कॉमन मिनिमम प्रोग्राम नहीं बल्कि विकास का मुद्दा है।

नया कानून मानने की नसीहत
ऑर्टिकल 370 को निष्प्रभावी किये जाने के मुद्दे पर जदयू नेता ने सफाई देते हुए कहा कि जब कोई विवादित मुद्दा हो तो जितना आप विरोध कर सकते हैं, करें,
लेकिन जब एक बार कानून बन जाए, तो फिर उसे स्वीकार करके आगे बढना चाहिये। इसलिये अब इसका विरोध नहीं करना चाहिये।

विवादित मुद्दों के विरोध पर सफाई
सीएम नीतीश के करीबी कहे जाने वाले आरसीपी सिंह ने बुधवार को ये भी साफ किया था कि पार्टी ने आखिर संसदे में इस प्रस्ताव का विरोध क्यों किया,
इस पर उन्होने कहा कि हमारे पार्टी के पूर्व अध्यक्ष और दिवंगत नेता जॉर्ज फर्नांडिस ने कहा था कि हम किसी भी विवादित प्रस्ताव का साथ नहीं देंगे, इसलिये हम इन मामलों का विरोध कर रहे हैं, आपको बता दें कि संसद में जदयू ने इस मामले पर वॉकआउट किया था।