कांग्रेस के अगले अध्यक्ष का नाम तय, इस दिग्गज को मिलेगी जिम्मेदारी, राहुल-प्रियंका करेंगे ये काम
राहुल गांधी अगले एक से डेढ साल तक कांग्रेस अध्यक्ष पद से दूर रहेंगे, कांग्रेस के बड़े नेताओं ने ही ये बीचा का रास्ता निकाला है
राहुल गांधी अगले एक से डेढ साल तक कांग्रेस अध्यक्ष पद से दूर रहेंगे, कांग्रेस के बड़े नेताओं ने ही ये बीचा का रास्ता निकाला है।
पिछले कुछ दिनों से कांग्रेस अध्यक्ष पद को लेकर कई नामों पर कयास लगाये जा रहे थे, लेकिन अब इस पर विराम लगने के संकेत मिल रहे हैं। कहा जा रहा है कि राजस्थान के सीएम और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अशोक गहलोत को राहुल गांधी की जगह पार्टी की कमान दी जा सकती है। कांग्रेस सूत्रों के मुताबिक पार्टी ने गहलोत के नाम पर मुहर लगा दी है, अब बस औपचारिक ऐलान बाकी है, हालांकि ये फिलहाल साफ नहीं है कि अशोक गहलोत अकेले कांग्रेस अध्यक्ष होंगे या उनकी मदद के लिये कुछ कार्यकारी अध्यक्ष भी बनाये जाएंगे। इतना तो तय हो चुका है कि अगला अध्यक्ष गांधी नेहरु परिवार से नहीं होगा।राहुल गांधी करेंगे ऐलान
टाइम्स ऑफ इंडिया में छपी रिपोर्ट के मुताबिक कांग्रेस जल्द ही नये अध्यक्ष के नाम का ऐलान कर सकती है। राहुल गांधी ने भी अशोक गहलोत के नाम पर हामी भर दी है।
राजस्थान के सीएम ने बुधवार को राहुल गांधी को जन्मदिन की बधाई देते हुए पार्टी प्रमुख बने रहने का आग्रह किया था, लेकिन राहुल गांधी अब इस पद पर नहीं रहना चाहते हैं, इसके साथ ही उन्होने ये भी कह दिया था कि उनकी जगह उनकी बहन के नाम पर भी विचार नहीं किया जाएगा।
मुद्दा खत्म हो जाए
आपको बता दें कि मोदी सरकार और बीजेपी हमेशा से कांग्रेस को वंशवाद के मुद्दे पर घेरती है, चुनावों में इसका फायदा भी मिलता है, ऐसे में राहुल गांधी चाहते हैं,
कि इस बार पार्टी का नया अध्यक्ष गांधी-नेहरु परिवार से ना हो, ताकि विरोधियों को इस मुद्दे पर बोलने का हक ना हो।
एक-डेढ साल दूर रहेंगे
सूत्रों का दावा है कि राहुल गांधी अगले एक से डेढ साल तक कांग्रेस अध्यक्ष पद से दूर रहेंगे, कांग्रेस के बड़े नेताओं ने ही ये बीचा का रास्ता निकाला है,
इस दौरान राहुल गांधी बिना किसी पद के देशभर में घूम-घूम कर कांग्रेस के कार्यकर्ताओं से सीधा संवाद करेंगे, साथ ही लोगों से भी मिलते रहेंगे। नये कांग्रेस अध्यक्ष के लिये जल्द ही कांग्रेस कार्यसमिति की बैठक बुलाई जा सकती है।
क्या करेंगे राहुल-प्रियंका
कहा जा रहा है कि राहुल अपनी बहन प्रियंका के साथ देशभर में घूमेंगे, वो मोदी सरकार की नीतियों की खुलकर आलोचना करेंगे, उन्हें लोगों के बीच ले जाएंगे,
इसके साथ ही वो उन राज्यों पर ज्यादा फोकस करेंगे, जहां कांग्रेस की जमीन बिल्कुल खत्म हो चुकी हैं, इसलिये राहुल गांधी अपने साथ-साथ बहन प्रियंका भी जिम्मेदारी से दूर रखना चाहते हैं, ताकि वो सोये कार्यकर्ताओं को घर से बाहर निकाल सकें।



