उन्नाव पीड़िता को मिला इतने लाख का चेक और अर्धसैनिक बल सुरक्षा, केस भी दिल्ली ट्रांसफर
इतना ही नहीं सुप्रीम कोर्ट ने बलात्कार और पीड़िता के दुर्घटना से जुड़े सभी पांचों मामलों को दिल्ली के तीस हजारी कोर्ट में ट्रांसफर करने का आदेश दिया है।
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद गुरुवार देर शाम उन्नाव बलात्कार पीड़िता और उनके परिजनों को अर्धसैनिक बल सीआरपीएऱ की सुरक्षा मिल गई, गुरुवार देर शाम सीआरपीएफ की टीम लखनऊ ट्रामा सेंटर पहुंची और पूरी व्यवस्था को अपने हाथों में ले लिया, सुरक्षाकर्मी आने-जाने वालों पर निगाह रखे हुए हैं। मालूम हो कि रायबरेली कथित सड़क हादसे में घायल हुई पीड़िता लखनऊ के केजीएमयू ट्रामा सेंटर में भर्ती है, पीड़िता अभी भी वेंटीलेटर पर है, उसकी हालत नाजुक बनी हुई है।परिजनों को 25 लाख का चेक
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद गुरुवार को जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा और एसएसपी कलानिधि नैथानी ने पीड़िता के परिजनों से मुलाकात की, और उन्हें 25 लाख का मुआवजा सौंपा,
कोर्ट ने 24 घंटे के भीतर पीड़िता को आर्थिक मदद देने का निर्देश दिया था।
केस दिल्ली ट्रांसफर
इतना ही नहीं सुप्रीम कोर्ट ने बलात्कार और पीड़िता के दुर्घटना से जुड़े सभी पांचों मामलों को दिल्ली के तीस हजारी कोर्ट में ट्रांसफर करने का आदेश दिया है,
साथ ही इन मामले की सुनवाई नियमित रुप से करने का निर्देश है, यानी जितना जल्दी हो मामला में न्याय हो सके।
गवाह को भी सुरक्षा
बलात्कार पीड़िता के वकील के बाद सीबीआई के गवाह देवेन्द्र सिंह को भी पुलिस ने सुरक्षा उपलब्ध कराई है, विधायक पक्ष से लगातार मिल रही धमकी के बाद गवाह ने कई बार सुरक्षा की मांग की थी,
देर रात आईजी के निर्देश के बाद एसपी ने सुरक्षा के तौर पर एक गनर तैनात किया है, वहीं पीड़िता के घर की सुरक्षा बढा दी गई है, पूर्व से लगी डेढ सेक्शन पीएसी और 4 महिला सिपाहियों के अलावा रोजाना एक एसओ को उनके 4 हमराह सिपाहियों के साथ तैनात किया जा रहा है।


