अरुण जेटली की हालत पर एम्स ने जारी किया बयान, मोदी को चिट्ठी लिख बनाई थी दूरी
एम्स अस्पताल की ओर से अरुण जेटली के स्वास्थ्य को लेकर बयान जारी किया गया है, जिसमें बताया गया है कि उनकी हालत स्थिर हैं, वो अभी भी आईसीयू में हैं।
पिछले लंबे समय से स्वास्थ्य परेशानियों से जूझ रहे पूर्व वित्त मंत्री अरुण जेटली (66 साल) को बीते दिन एम्स अस्पताल में भर्ती कराया गया, घबराहट और बेचैनी की वजह से उन्हें अस्पताल लाया गया था, शुक्रवार 10 बजे उन्हें कॉर्डियो न्यूरो सेंटर में भर्ती कराया गया, आईसीयू में दिल और गुर्दे के डॉक्टरों की एक टीम लगातार उनकी हालत पर नजर बनाये हुए है, पीएम मोदी, अमित शाह और स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन ने एम्स पहुंचकर उनका हालचाल जाना।मेडिकल बुलेटिन
एम्स अस्पताल की ओर से अरुण जेटली के स्वास्थ्य को लेकर बयान जारी किया गया है, जिसमें बताया गया है कि उनकी हालत स्थिर हैं, वो अभी भी आईसीयू में हैं,
आपको बता दें कि इसी साल मई में भी जेटली को एम्स में भर्ती कराया गया था, 14 मई 2018 को उनका किडनी ट्रांसप्लांट हुआ था, इसके लिये डॉक्टरों की टीम बाहर से भी आई थी, जिसमें दिल्ली के अपोले अस्पताल के संदीप गुलेरिया के अलावा दो वरिष्ठ डॉक्टर चंडीगढ पीजीआई के थे।
फेफड़े के रोग से परेशान
जनवरी 2019 में अरुण जेटली को सारकोमा (फेफड़ा) में सॉफ्ट टिश्यू मिले थे, इसे लेकर उन्होने न्यूयॉर्क के डॉक्टरों से भी सलाह ली थी, तब से उनका स्वास्थ्य लगातार गिरता जा रहा है,
डॉक्टरों के कहने पर वो पिछले कुछ महीनों से आईसोलेशन में रह रहे हैं।
खास हिदायत
डॉक्टरों ने उन्हें खास हिदायतें दी है, इसलिये उन्होने हाल ही में हए लोकसभा चुनाव से दूरी बनाये रखी, उनकी वैसी सक्रियता नहीं दिखी, जो पहले हुआ करती थी,
दरअसल आईसोलेशन की वजह से रिश्तेदारों, करीबियों और परिजनों को छोड़ उन्होने बाकी लोगों से दूरी बना रखी है, साथ ही जेटली की 2014 में गैस्ट्रिक सर्जरी भी हो चुकी है, उन्हें मधुमेह की भी लंबे समय से परेशानी है।
मोदी को लिखी थी चिट्ठी
पिछले कुछ महीने से जेटली अस्वस्थ्य चल रहे हैं, इसी वजह से उन्होने लोकसभा चुनाव लड़ने से इंकार कर दिया, फिर चुनाव परिणाम के बाद उन्होने पीएम मोदी को चिट्ठी लिखकर कहा था कि
पिछले कुछ महीने से अस्वस्थ्य हूं, इसलिये मुझे मंत्री बनाने पर विचार ना करें, ताकि मैं अपने स्वास्थ्य को ज्यादा समय दे सकूं, जिसके बाद मोदी उनसे मिलने के लिये उनके आवास पर भी पहुंचे थे।



