जन्माष्टमी के दिन भूलकर भी ना करें ये 5 गलतियां, नहीं तो पछताएंगे
जन्माष्टमी के दिन अगर आप व्रत नहीं रखते हैं, तो भी सात्विक भोजन ही करना चाहिये, इस दिन मांस, मछली या मदिरा का सेवन बिल्कुल ना करे।
हर साल भाद्रपद माह की कृष्ण पक्ष की अष्टमी को जन्माष्टमी का त्योहार मनाया जाता है, जन्माष्टमी के कई दिन पहले से ही लोग इसकी तैयारी में लग जाते हैं, शास्त्रों के मुताबिक जन्माष्टमी का व्रत रखने के लिये कुछ नियम बताये गये हैं, जिसका पालन करना जरुरी होता है।गलत व्यवहार
जन्माष्टमी के दिन किसी के साथ गलत व्यवहार नहीं करना चाहिये, गरीब या असहाय व्यक्ति को परेशान करने वाले शख्स दुख भोगते हैं,
इसलिये इस दिन ही नहीं बल्कि किसी भी दिन गरीबों और असहाय लोगों के साथ गलत व्यवहार ना करें।
पौधा ना काटे
जन्माष्टमी के दिन घर में या उसके आसपास कोई पेड़ पौधा लगा हुआ है, तो उसे बिल्कुल भी ना काटें, बल्कि इस दिन घर के सभी सदस्य मिलकर एक-एक पौधा लगाएं, इससे आपके घर की ऑर्थिक स्थिति और मजबूत होगी।
विवाद या कलह से दूर रहें
जन्माष्टमी के त्योहार के अवसर पर विवाद या फिर कलह से दूर रहें,
मन को शांत रखे, ईश्वर का ध्यान करें, इस दिन भगवान के भोग में तुलसी का पत्ता जरुर होना चाहिये, बिना तुलसी के भगवान प्रसाद स्वीकार नहीं करते हैं।
सात्विक भोजन
जन्माष्टमी के दिन अगर आप व्रत नहीं रखते हैं, तो भी सात्विक भोजन ही करना चाहिये, इस दिन मांस, मछली या मदिरा का सेवन बिल्कुल ना करे,
दांपत्य जीवन में भी संयम बरते, पति पत्नी इस दिन सहवास से बचें, नहीं तो इसके बुरे नतीजे हो सकते हैं।


