योगी सरकार के वित्त मंत्री ने सौंपा इस्तीफा, कल इन लोगों को दिलाया जा सकता है मंत्री पद शपथ
योगी सरकार में इस बार करीब दर्जन भर नये चेहरों को शामिल किया जा सकता है।
बुधवार को योगी सरकार का विस्तार होना है, लेकिन उससे पहले सरकार में वित्त मंत्री राजेश अग्रवाल ने स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे दिया है, मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार उन्होने दो दिन पहले ही सीएम योगी को अपना इस्तीफा सौंप दिया था, कहा जा रहा है कि बढती उम्र और स्वास्थ्य कारणों से उन्होने ऐसा किया है, हालांकि अभी तक उनके इस्तीफे पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है, कि उनका इस्तीफा मंजूर किया गया है या नामंजूर।बुधवार को विस्तार
आपको बता दें कि योगी मंत्रिमंडल का विस्तार बुधवार 21 अगस्त को होना है, राजभवन में नये मंत्रियों की सूची राज्यपाल आनंदीबेन पटेल को भेजी जा चुकी है,
बताया जा रहा है कि इस बार योगी सरकार में पश्चिमी यूपी के नेताओं को ज्यादा प्रतिनिधित्व मिल सकता है, साथ ही पूर्वांचल के कुछ चेहरों को पदोन्नति मिल सकती है, और नॉन परफॉर्मर मंत्रियों की तत्काल प्रभाव से छुट्टी हो सकती है, साथ ही कुछ मंत्रियों को संगठन में भी भेजा जा सकता है, स्वतंत्र देव सिंह को प्रदेश अध्यक्ष बनाकर योगी सरकार से अलग किया जा चुका है।
नये चेहरे हो सकते हैं शामिल
सूत्रों का दावा है कि योगी सरकार में इस बार करीब दर्जन भर नये चेहरों को शामिल किया जा सकता है, जिसमें अशोक कटारिया (MLC), विद्यासागर सोनकर (MLC),
विजय बहादुर पाठक (MLC), बुक्कल नवाब (MLC), उदयभान सिंह (फतेहपुर सीकरी), कपिल देव अग्रवाल (मुजफ्फरनगर), अनिल शर्मा (बुलंदशहर), पंकज सिंह (गौतम बुद्ध नगर), संजीव राजा (अलीगढ), नीलिमा कटियार (कानपुर), दल बहादुर कोरी (रायबरेली), आशीष पटेल (अनुप्रिया पटेल के पति (MLC) के नाम की चर्चा है।
इनका प्रमोशन
दावा किया जा रहा है कि 4 स्वतंत्र प्रभार वाले मंत्रियों को कैबिनेट मंत्री के तौर पर प्रमोट किया जा सकता है, जिनमें सुरेश राणा, महेन्द्र सिंह,
अनिल राजभर और उपेन्द्र तिवारी का नाम शामिल है। मालूम हो कि पहले योगी मंत्रिमंडल का विस्तार 19 अगस्त को होना था, लेकिन अचानक इसे टाल दिया गया, कहा जा रहा ता कि कुछ नामों पर असहमति की वजह से इसे दो दिन के लिये आगे बढा दिया गया।


