सवा करोड़ कैश देख डोल गया पुलिसकर्मियों का ईमान, महिला इंस्पेक्टर समेत 7 सस्पेंड
एक निजी कंपनी का कर्मचारी 21 अप्रैल को करीब साढे तीन करोड़ रुपये लेकर फरार हो गया था, ये कंपनी एटीएम में पैसे भरने का काम करती है।
यूपी के गाजियाबाद में पुलिस का एक बड़ा घोटाला सामने आया है, यूपी पुलिस ने आरोपियों से बरामद की गई रकम में से ज्यादातर पैसे अपने पास ही रख लिये, इस बात का जब खुलासा हुआ, तो थाना प्रभारी समेत 7 पुलिसकर्मी सस्पेंड किये गये, इन आरोपियों के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज किया गया है, आइये विस्तार से बताते हैं कि आखिर पूरा मामला क्या है।क्या है मामला
एक निजी कंपनी का कर्मचारी 21 अप्रैल को करीब साढे तीन करोड़ रुपये लेकर फरार हो गया था, ये कंपनी एटीएम में पैसे भरने का काम करती है, राजीव सचान नाम का ये शख्स कंपनी से तो पैसे लेकर निकला,
लेकिन उसने एटीएम में जमा ही नहीं किये, जिसके बाद कंपनी ने इसके खिलाफ मामला दर्ज कराया।
आरोपी गिरफ्तार
आरोपी राजीव सचान को थाना प्रभारी लक्ष्मी चौहान ने गिरफ्तार किया, आरोपी के पास से करीब सवा करोड़ कैश बरामद भी किये गये,
लेकिन इतनी बड़ी रकम हाथ लगते ही लक्ष्मी चौहान और उनकी टीम का ईमान डोल गया और बरामदगी में हेरफेर करते हुए सिर्फ 45 लाख रुपये ही दिखाये, और बाकी के 80 लाख रुपये गायब कर दिये।
पुलिसकर्मी सस्पेंड
ये मामला गाजियाबाद के लिंक रोड थाने की है, जिसमें इंस्पेक्टर लक्ष्मी चौहान, सब इंस्पेक्टर नवीन पचौरी, और 5 कांस्टेबल बच्चू सिंह, फराज, सौरभ, धीरज और सचिन को सस्पेंड कर मामले के जांच के आदेश दे दिये गये हैं,
इन पुलिसकर्मियों की कपतूत की वजह से एक बार फिर से यूपी पुलिस पर सवाल उठ रहे हैं।


