कैप्टन के नये दांव से सिद्धू क्लीन बोल्ड, गुरु की खामोशी भी नहीं कर रही काम

परगट सिंह जगबीर सिंह बराड़ की जालंधर कैंट से टिकट कटवाकर खुद कांग्रेस से विधायक बने थे, अब मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह जगबीर सिंह बराड़ को आगे ला रहे हैं।

पूर्व मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू के पंजाब की सियासत में हाशिये पर जाने के बाद अब उनके दाहिने हाथ कहे जाने वाले पूर्व हॉकी खिलाड़ी परगट सिंह भी अलग-थलग पड़ने शुरु हो गये हैं,  सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने परगट सिंह के विरोधी जगबीर सिंह बराड़ को पंजाब वाटर रिसोर्स का चेयरमैन बनाकर नई सियासत को जन्म दे दिया है।

कैप्टन का नया दांव
परगट सिंह जगबीर सिंह बराड़ की जालंधर कैंट से टिकट कटवाकर खुद कांग्रेस से विधायक बने थे, अब मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह जगबीर सिंह बराड़ को आगे ला रहे हैं,
उन्हें पद देकर उन्होने इसके संकेत दे दिये हैं, जिससे परगट सिंह और उनके करीबियों का परेशान होना स्वाभाविक है।

दोनों के बीच छत्तीस का आंकड़ा 
2012 विधानसभा चुनाव से ठीक पहले जगबीर बराड़ कैप्टन के साथ आये थे, तब कांग्रेस ने उन्हें टिकट दिया था, लेकिन उस चुनाव में अकाली के टिकट पर ताल ठोंक रहे जगबीर बराड़ को परगट सिंह ने करीब सात हजार वोटों से हरा दिया था,
दोनों के बीच छत्तीस का आंकड़ा चलता है, फिर 2017 चुनाव में कांग्रेस ने बराड़ की जगह परगट सिंह को उम्मीदवार बनाया था।

पंजाब की सियासत में पावरफुल
पंजाब में कांग्रेस सरकार बनते ही सिद्धू को निकाय मंत्री बनाया गया, तो उनके दाहिने हाथ कहे जाने वाले परगट सिंह पावरफुल हो गये, सिद्धू के साथ वो हर जगह नजर आते थे,
हाल के दिनों में सिद्धू और कैप्टन के बीच जारी युद्ध में सिद्धू आउट हो गये, हालांकि सिद्धू ने पूरे मामले में चुप्पी साध रखी है, वो कुछ भी बोलने से परहेज कर रहे हैं। अब कैप्टन ने उनके करीबियों के भी पर कतरने शुरु कर दिये हैं।