लिपस्टिक और चश्मे में लगाते थे कैमरा, ऐसे अंतरंग पलों को करते थे कैद, कई राजनेता और रसूखदार हनी ट्रैप के शिकार

इंदौर एसएसपी रुचिवर्धन मिश्र ने बताया कि जांच कर रही टीम को संदेह है कि इस गिरोह की महिलाओं ने पहले राजनेताओं और नौकरशाहों समेत कई रसूखदारों को अपने जाल में फंसाया।

एमपी में हाल ही में पुलिस के शिकंजे में आये मोहपाश (हनी ट्रैप) गिरोह का खुलासा हुआ है, बताया जा रहा है कि इस गिरोह के जाल में फंसे धनी एवं रसूखदार लोगों के साथ अंतरंग पलों का वीडियो बनाने के लिये कैमरे लिपस्टिक कवर और चश्मों में छुपाकर रखते थे, पुलिस सूत्रों का दावा है कि ये गिरोह इन्हीं वीडियो की मदद से धनी और रसूखदार लोगों को ब्लैकमेल करता था, मालूम हो कि इंदौर नगर निगम के इंजीनियर हरभजन सिंह की शिकायत के बाद पुलिस ने 19 सितंबर को हनी ट्रैप गिरोह का खुलासा किया था, जिसमें 5 महिलाओं समेत 6 को भोपाल और इंदौर से गिरफ्तार किया गया।

हनी ट्रैप और ब्लैकमेल
हनी ट्रैप और ब्लैकमेल कर इस इंजीनियर से 3 करोड़ रुपये मांगने के आरोप में पुलिस ने इंदौर और भोपाल से 5 युवतियों आरती दयाल, मोनिका यादव,
श्वेता जैन (पति विजय जैन), श्वेता जैन (पति स्वप्निल जैन) और बरखा सोनी को गिरफ्तार किया है, इनके एक वाहन चालक ओम प्रकाश कोरी को भी गिरफ्तार किया गया है।

ब्लैकमेल करते है
इंदौर एसएसपी रुचिवर्धन मिश्र ने बताया कि जांच कर रही टीम को संदेह है कि इस गिरोह की महिलाओं ने पहले राजनेताओं और नौकरशाहों समेत कई रसूखदारों को अपने जाल में फंसाया,
फिर धन उगाही के अलावा अपनी अनुचित मांगे मनवायी, गिरोह खुफिया कैमरों से अंतरंग पलों के वीडियो बनाकर अपने शिकार को इस आपत्तिजनक सामाग्री के बूते ब्लैकमेल करता था।

सोशल मीडिया पर वायरल
इनमें से कुछ वीडियो क्लिप सोशल मीडिया पर भी वायरल हुए हैं, हालांकि इनमें से कुछ वीडियो में स्पष्ट समझ आता है कि उनसे छेड़छाड़ किया गया है,
फिलहाल एमपी पुलिस इस मामले की जांच के लिये एक एसआईटी का गठन किया है, जो इस मामले की जांच कर रही है।