कांग्रेस के ऑफर पर दुष्यंत चौटाला ने लिया बड़ा फैसला, बीजेपी ने बनाई खास रणनीति
मौके की नजाकत को देखते हुए कांग्रेस ने तुरंत दुष्यंत चौटाला को डिप्टी सीएम पद का ऑफर दे दिया, हालांकि दुष्यंत ने जल्दबाजी दिखाये बिना कांग्रेस के ऑफर को ठुकरा दिया है।
महाराष्ट्र में तो फिर से एनडीए सरकार बनना तय है, लेकिन हरियाणा की जनता ने अलग जनादेश दिया है, यहां किसी भी एक पार्टी को पूर्ण बहुमत नहीं मिला है, बीजेपी और कांग्रेस दोनों जादूई आंकड़े से पीछे खड़ी है, सत्ता की चाबी नई नवेली पार्टी जननायक जनता पार्टी के पास है, दुष्यंत चौटाला जिस ओर रुख करेंगे, हरियाणा में अगली सरकार उनकी हो सकती है।कांग्रेस ने दिया ऑफर
मौके की नजाकत को देखते हुए कांग्रेस ने तुरंत दुष्यंत चौटाला को डिप्टी सीएम पद का ऑफर दे दिया, हालांकि दुष्यंत ने जल्दबाजी दिखाये बिना कांग्रेस के ऑफर को ठुकरा दिया है,
कहा जा रहा है कि दुष्यंत मोलभाव में लगे हुए हैं, विधायकों से बात करने के बाद ही वो कोई फैसला लेंगे।
सत्ता की चाबी दुष्यंत के पास
पहले ही विधानसभा चुनाव में पार्टी के शानदार प्रदर्शन पर दुष्यंत चौटाला ने कहा कि मैं उन सब को धन्यवाद कहता हूं जिन्होने हमें वोट दिया, एक भी मंत्री नहीं जीत रहा है,
रुझान शानदार है, ये एक-एक साथी की मेहनत का नतीजा है, जो लोग हमें बच्चों की पार्टी कहते थे, आज खुद चुनाव हार रहे हैं।
समर्थन पर क्या कहा
समर्थन देने के सवाल पर दुष्यंत चौटाला ने कहा कि अभी चुवाव परिणाम आने दीजिए, इसके बाद विधायकों के साथ बैठक में फैसला लिया जाएगा, कि बीजेपी के साथ जाएं,
या कांग्रेस को समर्थन दें, या फिर विपक्ष में बैठे, दुष्यंत के मुताबिक 26-27 सीटों पर उनकी पार्टी कांटे की टक्कर में है।
बीजेपी ने दी बादल को जिम्मेदारी
सूत्रों का दावा है कि बीजेपी ने दुष्यंत चौटाला को अपने खेमे में लाने के लिये बादल परिवार को जिम्मेदारी सौंपी है, बादल और चौटाला परिवार के रिश्ते काफी अच्छे हैं,
प्रकाश सिंह बादल और चौधरी देवी लाल की दोस्ती जगजाहिर है, देवी लाल के गुजर जाने के बाद भी दोस्ती कायम है। पिछले साल चौटाला परिवार में जब दरार पड़ी थी, तब बादल परिवार ने सुलह कराने की भरपूर कोशिश की थी।



